डॉ. गौरव त्रिपाठी के बारे में
डॉ. गौरव त्रिपाठी ने कार्डियोलॉजी में DM गोविंद बल्लभ पंत इंस्टिट्यूट ऑफ़ पोस्टग्रेजुएट मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च, नई दिल्ली से किया — जो भारत के सबसे जाने-माने हृदय प्रशिक्षण केंद्रों में से एक है। उससे पहले RIMS राँची से जनरल मेडिसिन में MD किया, जहाँ वे गोल्ड मेडलिस्ट रहे, और MBBS श्याम शाह मेडिकल कॉलेज, रीवा से, जिसमें कई विषयों में रोल ऑफ़ ऑनर्स मिला।
उन्हें कार्डियोलॉजी में 15 साल का अनुभव है। प्रथमेश कार्डियक इंस्टिट्यूट की स्थापना से पहले उन्होंने रायपुर के सुयश हॉस्पिटल में कार्डियोलॉजी विभाग की स्थापना की। अकेले रायपुर में ही वे हज़ारों प्रोसीजर कर चुके हैं।
उनका रोज़ का काम कोरोनरी इंटरवेंशन के सबसे मुश्किल मामलों का है — CTO (वे नसें जो महीनों या सालों से पूरी तरह बंद पड़ी हैं), बाइफ़र्केशन रुकावटें जहाँ दो नसें बँटती हैं, और भारी कैल्शियम जमी रुकावटें जिनमें गुब्बारा अपने आप निकल ही नहीं सकता। इनके लिए वे IVL, रोटाब्लेशन और IVUS का इस्तेमाल करते हैं। स्ट्रक्चरल इंटरवेंशन और इलेक्ट्रोफ़िज़ियोलॉजी (EPS) में भी उनकी विशेष रुचि है।
उनका अपना बताया हुआ नज़रिया। मरीज़ को जानकारी देकर उसे इलाज में साथी बनाना — ताकि मरीज़ सिर्फ़ पर्चा लेकर घर न लौटे, बल्कि अपनी बीमारी को समझे और ख़ुद उसकी निगरानी कर सके।
शिक्षा और प्रशिक्षण
- DM (कार्डियोलॉजी)गोविंद बल्लभ पंत इंस्टिट्यूट ऑफ़ पोस्टग्रेजुएट मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च, नई दिल्ली
- MD (जनरल मेडिसिन)राजेंद्र इंस्टिट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंसेज़ (RIMS), राँची — गोल्ड मेडलिस्ट
- MBBSश्याम शाह मेडिकल कॉलेज, रीवा (मध्य प्रदेश) — कई विषयों में रोल ऑफ़ ऑनर्स
- FSCAIफ़ेलो, सोसाइटी ऑफ़ कार्डियोवैस्कुलर एंजियोग्राफी एंड इंटरवेंशन्स, अमेरिका
- FESCफ़ेलो, यूरोपियन सोसाइटी ऑफ़ कार्डियोलॉजी
वे कौन-कौन से प्रोसीजर करते हैं
एंजियोग्राफी
वह जाँच जो इलाज तय करने से पहले हर ब्लॉकेज का नक्शा बना देती है।
एंजियोप्लास्टी और स्टेंट
कलाई के छोटे छेद से गुब्बारा और स्टेंट — सीने पर चीरा नहीं, सिर्फ़ लोकल एनेस्थीसिया।
प्राइमरी एंजियोप्लास्टी
चल रहे हार्ट अटैक में इमरजेंसी एंजियोप्लास्टी, जहाँ हर मिनट की देरी मांसपेशी ले जाती है।
सीटीओ एंजियोप्लास्टी
लंबे समय से पूरी तरह बंद नसों के लिए — यह ख़ास तकनीक बहुत से सेंटर करने की कोशिश भी नहीं करते।
रोटाब्लेशन और IVL
उन रुकावटों के लिए जिनमें कैल्शियम इतना सख़्त है कि नस तैयार किए बिना गुब्बारा निकल ही नहीं सकता।
IVUS और FFR गाइडेड PCI
नस के अंदर से इमेजिंग और प्रेशर की माप, ताकि स्टेंट सिर्फ़ वहीं लगे जहाँ वाक़ई ज़रूरी है।
पेसमेकर और डिवाइस इम्प्लांट
उन मरीज़ों के लिए स्थायी पेसमेकर और डिवाइस जिनकी धड़कन या पम्पिंग को सहारा चाहिए।
पैर और किडनी की धमनियों का इंटरवेंशन
पैर और किडनी की नसों की एंजियोप्लास्टी, जिसमें डायबिटिक फुट के लिए घुटने के नीचे का काम भी शामिल है।
सदस्यता, व्याख्यान और शोध
- आजीवन सदस्य — कार्डियोलॉजिकल सोसाइटी ऑफ़ इंडिया (CSI)
- आजीवन सदस्य — अमेरिकन कॉलेज ऑफ़ कार्डियोलॉजी (ACC)
- आजीवन सदस्य — यूरोपियन सोसाइटी ऑफ़ कार्डियोलॉजी (ESC)
- आजीवन सदस्य — एसोसिएशन ऑफ़ फ़िज़िशियन्स ऑफ़ इंडिया (API)
- फ़ेलो — सोसाइटी ऑफ़ कार्डियोवैस्कुलर एंजियोग्राफी एंड इंटरवेंशन्स (FSCAI), अमेरिका
- फ़ेलो — यूरोपियन सोसाइटी ऑफ़ कार्डियोलॉजी (FESC)
- तीन अंतर्राष्ट्रीय शोध-पत्र प्रकाशित
- राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय कार्डियोलॉजी मंचों पर आमंत्रित व्याख्यान
वे किन बीमारियों का इलाज करते हैं
प्रथमेश कार्डियक इंस्टिट्यूट में परामर्श
आम सवाल
+91 77778 65621 पर कॉल कीजिए, या इस पेज पर "अपॉइंटमेंट बुक करें" बटन दबाइए — हमारी टीम समय तय करने के लिए आपको वापस कॉल करेगी। पहले से फ़ोन कर लेने पर आपको तय समय पर देखा जाता है, इंतज़ार नहीं करना पड़ता, और जो जाँच लगने की संभावना हो वह आमतौर पर उसी विज़िट में करा दी जाती है।
पहले की कोई भी ईसीजी, इको, टीएमटी, एंजियोग्राफी की तस्वीरें या सीडी, खून की रिपोर्ट, और अभी चल रही दवाइयाँ या उनके पत्ते। अगर पहले कोई प्रोसीजर हुआ है तो डिस्चार्ज समरी और स्टेंट कार्ड लाइए। इनसे अक्सर वे जाँचें दोबारा नहीं करानी पड़तीं जिनका ख़र्च आप पहले उठा चुके हैं।
जी हाँ। एंजियोग्राफी और एंजियोप्लास्टी कंसल्टेंट ख़ुद करते हैं, इमरजेंसी में रात को भी। ये किसी जूनियर स्टाफ़ को नहीं सौंपी जातीं।
जी हाँ, और अच्छी-ख़ासी संख्या में परामर्श ऐसे ही होते हैं। एंजियोग्राफी की तस्वीरें और रिपोर्ट साथ लाइए। आपको सीधे-सीधे बताया जाएगा कि वे क्या दिखा रही हैं — और अगर पहले दी गई सलाह सही थी, तो वह भी बता दिया जाएगा।